- 32 वर्षों की सफल यात्रा और संस्थापक दिवस के अवसर पर हुआ आयोजन
- विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने हृदय, न्यूरो व ऑर्थो सहित कई बीमारियों का दिया परामर्श
- शिविर में आए सभी मरीजों को मुफ्त स्वास्थ्य जांच के साथ दवाइयों का भी हुआ वितरण
- अस्पताल प्रबंधन ने भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी और सामाजिक शिविर लगाने का लिया संकल्प
आगरा। 1 जुलाई 2026 को विश्व चिकित्सक दिवस एवं संस्थापक दिवस के विशेष अवसर पर शहीद नगर क्रॉसिंग स्थित उपाध्याय हॉस्पिटल परिसर में एक निःशुल्क विशाल चिकित्सा शिविर का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ हॉस्पिटल के चेयरमैन डॉ. राजीव उपाध्याय ने किया। उन्होंने उपस्थित जनसमूह का स्वागत करते हुए हॉस्पिटल की 32 वर्षों की शानदार चिकित्सा यात्रा और ‘NABH’ मान्यता प्राप्त होने का श्रेय शहरवासियों के अटूट विश्वास और सहयोग को दिया। उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध विभिन्न अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी देते हुए लोगों से इस शिविर का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया।

मरीजों को मिला विशेषज्ञ चिकित्सकों का परामर्श
इस जनहितकारी शिविर में लगभग 245 मरीजों का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और आवश्यकतानुसार जरूरी जांचें भी कराई गईं। शिविर में हृदय रोग, डायबिटीज, स्त्री एवं प्रसूति रोग, अस्थमा, हड्डी रोग, न्यूरोलॉजी, यूरोलॉजी, नाक-कान-गला (ENT) और बाल रोग से संबंधित मरीजों को विशेषज्ञों द्वारा उचित परामर्श दिया गया। डॉ. राजीव उपाध्याय, डॉ. वरुण शर्मा (कार्डियोलॉजी), डॉ. नेहा उपाध्याय, डॉ. शिवम उपाध्याय, डॉ. मनोज कुमार मालवीय (न्यूरोलॉजी), डॉ. कार्तिकेय शर्मा (ऑर्थो), डॉ. दीपक कुमार दुबे (यूरोलॉजी) और डॉ. मुदित गुप्ता सहित अन्य विशेषज्ञ चिकित्सकों ने अपना बहुमूल्य समय देकर मरीजों की जांच की। इसके अलावा, विभिन्न फार्मा कंपनियों के प्रतिनिधियों के सहयोग से मरीजों को मुफ्त दवाइयां भी वितरित की गईं।

भविष्य में भी जारी रहेंगे ऐसे जनहितकारी कार्य
चिकित्सा और सेवा भाव से आयोजित इस विशाल शिविर की मरीजों और तीमारदारों ने काफी सराहना की। कार्यक्रम के समापन पर चेयरमैन डॉ. राजीव उपाध्याय ने सभी चिकित्सकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने आम जनमानस को आश्वासन दिया कि उपाध्याय हॉस्पिटल सामाजिक सरोकार को निभाते हुए भविष्य में भी इस प्रकार के जनहितकारी चिकित्सा शिविरों का निरंतर आयोजन करता रहेगा, ताकि समाज के हर तबके तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंच सकें।





